– टीम इंडिया के कप्तान ने कहा, ये हार आसानी से पचने वाली नहीं
-अंतिम टेस्ट की दो पारियों में रोहित ने 29 और विराट ने सिर्फ 5 रन बनाए
भारत के जिन दो धुरंधरों रोहित शर्मा और विराट कोहली ने लम्बे समय से अपने कंधों पर बल्लेबाजी का दारोमदार उठा रखा था, वे न्यूजीलैंड के खिलाफ तीन टेस्ट मैचों की सीरीज में सुपर फ्लॉप रहे। तीन टेस्ट की छह पारियों में रोहित और विराट का टीम के लिए क्रमश: 91 और 93 रन का योगदान ही रहा। अंतिम टेस्ट की दो पारियों में रोहित के बल्ले से 29 और विराट के बल्ले से सिर्फ 5 रन ही निकले। न्यूजीलैंड के खिलाफ 0-3 की ऐतिहासिक हार में इनके इस अल्प योगदान ने फैन्स का दिल बुरी तरह तोड़ दिया।
बौने से लक्ष्य को भी हासिल न कर सके धुरंधर
भारतीय टीम को घर पर पहली बार तीन या उससे अधिक टेस्ट मैचों की सीरीज में इस तरह से हार का सामना करना पड़ा है। मुंबई में टेस्ट सीरीज के आखिरी मुकाबले में टीम इंडिया को चौथी पारी में 147 रनों का टारगेट मिला था। इस बौने से लक्ष्य के लिए भारत के इन दोनों धुरंधरों में से यदि एक भी चल गया होता तो भारत शर्मनाक रिकॉर्ड से बच जाता। लेकिन पूरी टीम 121 रन पर ही सिमट गई। इस स्कोर में कप्तान रोहित शर्मा और विराट कोहली का कुल जमा योगदान 12 रनों का ही रहा।
रोहित शर्मा काफी दुखी और निराश नजर आए
इस सीरीज में हार के बाद भारतीय कप्तान रोहित शर्मा काफी दुखी और निराश नजर आ रहे थे। बाद में उन्होंने कहा भी कि ये हार आसानी से पचने वाली नहीं है। हमने एक टीम के रूप में अच्छा प्रदर्शन नहीं किया। रोहित शर्मा ने कहा कि हम इस मैच में भी उम्मीद के अनुसार नहीं खेल सके। हमें अपनी गलती को स्वीकार करना होगा।
न्यूजीलैंड टीम अच्छा खेली, हमने कई गलतियां कीं
कहा, न्यूजीलैंड ने काफी अच्छा खेल दिखाया, जबकि इस दौरान हमने कई गलतियां कीं। कप्तान ने माना कि पहले दो टेस्ट मैचों की पहली पारी में अच्छी बल्लेबाजी नहीं करने की वजह से हम पिछड़ गए थे। मुबंई टेस्ट में हम थोड़ी बढ़त लेने में तो कामयाब हुए लेकिन उस लक्ष्य को नहीं हासिल कर सके जिसे किया जाना चाहिए था।
मैं खुद भी अच्छा प्रदर्शन नहीं कर सका : रोहित शर्मा
रोहित शर्मा ने अपनी खराब फॉर्म को लेकर कहा कि जब आप अपनी योजना के मुताबिक बल्लेबाजी नहीं कर पाते हैं तो खराब लगता है और यही मेरे साथ हुआ जो वाकई निराशाजनक है। कहा कि हम पिछले 3 से 4 साल से ऐसी पिचों पर खेल रहे हैं और हम जानते हैं कि ऐसे विकेट पर किस तरह से खेलना चाहिए, लेकिन इस सीरीज में हम ऐसा करने में पूरी तरह से असफल रहे। रिषभ पंत और शुभमन गिल ने अपनी बल्लेबाजी से दिखाया कि किस तरह से ऐसी पिच पर बल्लेबाजी की जानी चाहिए। हमने एक टीम के रूप में बिल्कुल भी अच्छा नहीं खेला और ये हार का सबसे बड़ा कारण है।