– मुतुसामी ने अपना पहला टेस्ट शतक जड़ा, जानसेन ने 93 रनों की तूफानी पारी खेली
कॉर्बिन बॉश की जगह प्लेइंग इलेवन में शामिल किए गए स्पिनर सेनुरन मुथुसामी (109) और मार्को जानसेन (93) की शानदार बल्लेबाजी ने साउथ अफ्रीका को गुवाहाटी में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट के दूसरे दिन स्कोर बोर्ड पर 489 रन अंकित कर काफी मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया। मुथुस्वामी के कॅरिअर का यह पहला शतक था। खराब रोशनी की वजह से दूसरे दिन का खेल समाप्त घोषित किए जाने तक भारत ने थ अफ्रीका के विशाल स्कोर के जवाब में अपनी पहली पारी में बिना किसी नुकसान के 9 रन बना लिए थे। यशस्वी जायसवाल 7 और केएल राहुल 2 रनों पर खेल रहे हैं। भारत की पहली पारी में सिर्फ 4.4 ओवरों का खेल हो सका है।
दूसरे दिन का खेल जब शुरू हुआ तो भारतीय गेंदबाजों को मेहमान टीम के सिर्फ 4 विकेट और निकालने थे। माना जा रहा था कि साउथ अफ्रीकी पारी जल्दी ही सिमट जाएगी। लेकिन ऐसा हुआ नहीं। सेनुरन मुथुसामी और काइल वेरेने ने मिलकर साउथ अफ्रीकी पारी को न सिर्फ संभाला, बल्कि दोनों के बीच सातवें विकेट के लिए 88 रनों की साझेदारी से टीम के स्कोर को विस्तार भी दिया।
मुथुसामी और काइल वेरेन ने पहले सत्र में संभलकर बल्लेबाजी की और साउथ अफ्रीका ने बिना कोई विकेट गंवाए ही पहला सत्र समाप्त किया। साउथ अफ्रीका ने पहले सत्र में सिर्फ 69 रन जोड़े। हालांकि इस दौरान पगबाधा की एक अपील पर आउट करार दिए जाने के बाद डीआरएस से बचने के अलावा मुथुसामी को भारतीय आक्रमण के सामने कोई खास परेशानी नहीं हुई। इस सीरीज में यह पहला ऐसा सत्र था जब एक भी विकेट नहीं गिरा।
रवींद्र जडेजा ने वेरेने को आउट कर इस साझेदारी को तोड़ा। वेरेने 122 गेंदों पर 45 रन बनाए, जिसमें 5 चौके शामिल रहे। वेरेने के आउट होने के बाद मुथुसामी संग मार्को जानसेन ने मोर्चा संभाला। जानसेन-मुथुसामी ने मिलकर आठवें विकेट के लिए 97 रनों की साझेदारी की।
सेनुरन मुथुसामी ने 10 चौके और दो छक्के की मदद से 206 गेंदों का सामना कर अपनी शतकीय पारी खेली। मुथुसामी के बाद साउथ अफ्रीका ने साइमन हार्मर का विकेट खो दिया, लेकिन मार्को जानसेन की तूफानी बल्लेबाजी नहीं रुकी। जानसेन ने 7 छक्के और 6 चौके की मदद से 91 गेंदों पर 93 रन बनाए। भारत की ओर से कुलदीप यादव ने मिलाकर चार विकेट झटके।










