-चौथे टेस्ट में इंग्लैंड ने आस्ट्रेलिया को दूसरे ही दिन 4 विकेट से हराया
ऐतिहासिक मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड (एमसीजी) बैजबॉल रणनीति पर लौटते हुए इंग्लैंड ने शनिवार को एशेज 2025-26 के चौथे टेस्ट में ऑस्ट्रेलिया को 4 विकेट से हराकर मौजूदा 5 मैचों की सीरीज में पहली जीत दर्ज की। इतना ही नहीं बल्कि इस जीत के साथ उसका आस्ट्रेलिया की सरजमी पर 15 साल से चला आ रहा जीत का सूखा भी खत्म हो गया। आस्ट्रेलिया की दूसरी पारी को सिर्फ 132 रनों पर समेटने के बाद चौथी पारी में 175 रनों के कठिन लक्ष्य का पीछा करते हुए इंग्लैंड ने जॉक क्रॉउली (37), बेन डकेट (34) और जैकब बैथल (40) के अलावा हैरी ब्रूक (नाबाद 18) की पारियों की मदद से यह टेस्ट दूसरे ही दिन जीत लिया। इसके साथ ही स्टीव स्मिथ का अपनी कप्तानी में 2017 से लेकर अब तक कोई टेस्ट नहीं हारने का रिकॉर्ड भी टूट गया। आस्ट्रेलिया की हार के साथ ही पिच की आलोचना भी शुरू हो गई।
इंग्लैंड की आक्रामक रणनीति काम आई
इंग्लैंड ने 32.2 ओवरों में 6 विकेट खोकर यह जीत दर्ज की। इस विकेट पर इंग्लैंड की आक्रामक रणनीति काम आई। लक्ष्य का पीछा करने उतरी बेन डकेट और जॉक क्रॉउली ने केवल 42 गेंदों में 51 रन जोड़कर सबसे पहले आने वाले बल्लेबाजों पर से दबाव हटाया। लेकिन जीत की दहलीज पर खड़े इंग्लैंड के लिए फिर एक समय ऐसा भी आया जब ऑस्ट्रेलिया ने जो रूट (15) और बेन स्टोक्स (2) के विकेट निकालकर हलचल मचा दी। हालांकि तब इंग्लैंड जीत से सिर्फ 10 रन दूर था और एक छोर पर हैरी ब्रूक मौजूद थे, इसलिए मेहमान टीम के साथ कोई अनहोनी नहीं घटी।
7 जनवरी 2011 के बाद ऑस्ट्रेलिया में इंग्लैंड की पहली टेस्ट जीत
यह जीत 7 जनवरी 2011 के बाद ऑस्ट्रेलिया में इंग्लैंड की पहली टेस्ट जीत थी, जब उसने सिडनी टेस्ट में ऑस्ट्रेलिया को पारी और 83 रन से हराकर एशेज 3-1 से अपने नाम कर ली थी। इससे पहले सुबह दूसरी पारी में भी ऑस्ट्रेलिया कुछ खास नहीं कर सकी. और एक बार फिर कार्स, जोश टंग और स्टोक्स की घातक गेंदबाजी से मेजबान 132 पर सिमट गए। पहली पारी में 5 और दूसरी पारी में 2 विकेट लेने वाले जोश टंग को प्लेयर ऑफ द मैच घोषित किया गया। इंग्लैंड को मैच जिताने में जोश टंग, जैकब बेथेल और हैरी ब्रूक ने अहम भूमिका निभाई। जबकि ऑस्ट्रेलियाई टीम एशेज सीरीज के शुरुआती तीनों मैच जीतकर सीरीज पहले ही अपने नाम कर चुकी है।
पिच को लेकर खड़े हुए कई सवाल
मेलबर्न में सिर्फ 2 दिनों के अंदर इस मैच के खत्म होने के बाद अब यहां की पिच को लेकर भी कई सवाल लगातार खड़े हो रहे हैं, जिसमें पूर्व खिलाड़ियों से लेकर क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया तक ने अपनी नाराजगी को व्यक्त किया है। क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के मुख्य कार्यकारी अधिकारी टॉड ग्रीनबर्ग ने मेलबर्न टेस्ट मैच के 2 दिनों के अंदर खत्म होने के बाद दिए अपने बयान में कहा कि ऐसे मैच टेस्ट क्रिकेट के भविष्य को देखते हुए बिल्कुल भी सही नहीं हैं। हम भविष्य में बेहतर पिच तैयार की जाएं इसको लेकर अपनी सक्रिय भूमिका निभाने पर विचार कर रहे हैं।
केविन पीटरसन ने की कड़ी आलोचना
मेलबर्न में सिर्फ 2 दिनों के अंदर मुकाबला खत्म होने के बाद इंग्लैंड टीम के पूर्व खिलाड़ी केविन पीटरसन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि भारत में जब कोई टेस्ट मैच के पहले दिन कई विकेट गिरते हैं तो उसमें पिच को लेकर काफी कड़ी आलोचना देखने को मिलती है। ऐसे में मैं उम्मीद करता हूं कि ऑस्ट्रेलिया को भी उसी तरह की आलोचना का सामना करना पड़ेगा क्योंकि न्याय सभी के लिए बराबर होना चाहिए।
बॉलिंग करते समय एटकिंसन के हैमस्ट्रिंग
सिडनी में खेले जाने वाले अंतिम टेस्ट मैच के लिए इंग्लैंड की मुश्किलें बढ़ गई हैं। मेलबर्न में खेले गए चौथे टेस्ट मैच के दौरान इंग्लैंड के तेज गेंदबाज गस एटकिंसन को चोट लगी, जिस वजह से वह मैच के दूसरे दिन मैदान से बाहर चले गए। अब वह पांचवें टेस्ट मैच में खेलेंगे या नहीं ये कहना अभी मुश्किल लग रहा है। दरअसल जब गस एटकिंसन अपने स्पेल का पांचवां ओवर डाल रहे थे तब उन्हें अपने हैमस्ट्रिंग में दिक्कत महसूस हुई। इसके बाद वह तुरंत मैदान छोड़कर बाहर चले गए। इंग्लैंड क्रिकेट ने बाद में कंफर्म किया कि एटकिंसन को हैमस्ट्रिंग इंजरी हुई है और मैच में वह आगे खेल पाएंगे या नहीं इसका फैसला उनकी चोट की गंभीरता को देखते हुए लिया जाएगा। बोर्ड ने अपने आधिकारिक एक्स हैंडल पर लिखा कि गस एटकिंसन आज सुबह अपना पांचवां ओवर फेंकने के बाद मैदान से बाहर चले गए, क्योंकि उन्हें अपनी बाईं हैमस्ट्रिंग में कुछ दर्द महसूस हुआ। अगले कुछ घंटों में उनकी चोट की गंभीरता को देखा जाएगा।
जोफ्रा आर्चर की जगह एटकिंसन को मिला था मौका
एटकिंसन को तेज गेंदबाज जोफ्रा आर्चर की जगह प्लेइंग इलेवन में शामिल किया गया था, जो मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड में चल रहे चौथे टेस्ट से पहले साइड स्ट्रेन के कारण एशेज सीरीज के बाकी मैचों से बाहर हो गए थे। इस दाएं हाथ के तेज गेंदबाज ने पहली पारी में शानदार गेंदबाजी की, 14 ओवर में 28 रन देकर 2 विकेट लिए थे। इससे पहले पर्थ में खेले गए पहले टेस्ट के दौरान मार्क वुड की घुटने की चोट फिर से उभर आई थी, जिस वजह से उन्हें इस सीरीज से बाहर होना पड़ा था।
दो टेस्ट सिर्फ दो-दो दिन में खत्म हो गए
दिनेश कार्तिक ने भी पिच को लेकर दिए अपने बयान में कहा कि एमसीजी की पिच काफी साधारण नजर आ रही है। मुझे यकीन नहीं होता कि चार एशेज टेस्ट में से 2 मुकाबले सिर्फ दो दिनों के अंदर ही खत्म हो गए। इसके अलावा सभी चार मुकाबलों को देखा जाए तो वह कुल 13 दिनों के अंदर ही खत्म हो गए।
बॉक्सिंग डे टेस्ट चौथा सबसे छोटा मुकाबला रहा
बॉक्सिंग डे टेस्ट अभी तक इस टेस्ट सीरीज के इतिहास का गेंदों के नजरिए से चौथा सबसे छोटा मुकाबला रहा है। इस मैच में कुल 852 गेंदें फेंकी गई। वहीं इस लिस्ट में पहले नंबर पर साल 1988 में ओल्ड ट्रैफर्ड स्टेडियम में खेला गया मुकाबला है जिसमें कुल 788 गेंदें फेंकी गई थी। वहीं अभी तक एशेज के इतिहास में देखा जाए तो 2 दिनों के अंदर खत्म होने वाला ये अभी तक सिर्फ 7वां मैच है, जिसमें ऑस्ट्रेलिया में सिर्फ दूसरी बार ऐसा देखने को मिला है। इससे पहले एशेज 2025-26 में पर्थ स्टेडियम में खेला गया मुकाबला 2 दिनों के अंदर खत्म हो गया था।
इंग्लैंड ने भारतीय टीम की कर ली बराबरी
इंग्लैंड की टीम अब आईसीसी वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप में सबसे ज्यादा मैच जीतने वाली संयुक्त रूप से दूसरी टीम बन गई है और उसने भारतीय टीम की बराबरी कर ली है। दोनों टीमों ने वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप में कुल 35-35 मुकाबले जीते हैं। वहीं वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप में सबसे ज्यादा मैच जीतने का रिकॉर्ड ऑस्ट्रेलियाई टीम के नाम है। उसने कुल 39 मैच जीते हैं।
7वें नंबर पर काबिज है इंग्लैंड की टीम
इंग्लैंड की टीम का जीत के बाद पीसीटी बढ़ा है। अब इंग्लैंड का पीसीटी 35.19 हो गया है। मैच से पहले उसका पीसीटी 27.08 था। लेकिन इंग्लैंड का स्थान नहीं बदला है और वह सातवें नंबर पर काबिज है। मौजूदा चक्र में इंग्लैंड ने कुल 9 मुकाबले खेले हैं, जिसमें से 3 में जीत दर्ज की है और पांच में उसे हार का मुंह देखना पड़ा है। जबकि एक मैच ड्रॉ रहा है।
डब्ल्यूटीसी में 2025-27 में ऑस्ट्रेलिया की पहली हार
वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप 2025-27 में ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट टीम की ये पहली हार है। इस मैच से पहले उसने मौजूदा चक्र में कुल 6 मुकाबले खेले थे और सभी में जीत दर्ज की थी। हार से उसे ज्यादा नुकसान नहीं हुआ है और वह पहले स्थान पर ही काबिज है। हां उसका पीसीटी जरूर कम हुआ है। अब उसका पीसीटी 100 प्रतिशत से 85.71 हो गया है।
छठे नंबर पर है भारतीय टीम
भारतीय क्रिकेट टीम इस समय छठे पायदान पर काबिज है और उसने अभी तक कुल 9 मुकाबले खेले हैं, जिसमें से चार में जीत दर्ज की है और चार मैच हारे हैं। जबकि एक मैच ड्रॉ रहा है। इस समय उसका पीसीटी 48.15 है। भारतीय टीम को अपने घर पर साउथ अफ्रीका के खिलाफ टेस्ट सीरीज 0-2 से गंवानी पड़ी थी।










