– प्रभसिमरन के 68 गेंदों पर आए शतक और श्रेयस अय्यर व रियान पराग की बल्लेबाजी से इंडिया ए ने 317 रनों का बड़ा लक्ष्य किया हासिल
– आस्ट्रेलिया ए से 24 गेंदों का खेल शेष रहते 2 विकेट से जीता तीसरा व अंतिम वन डे मुकाबला
ग्रीनपार्क स्टेडियम में लगभग 15 से 20 हजार दर्शकों के कानफाड़ू शोर और खूबसूरत आतिशबाजी के बीच इंडिया ए ने सलामी बल्लेबाज प्रभसिमरन सिंह (102) के सिर्फ 68 गेंदों पर बनाए गए शतक और कप्तान श्रेयस अय्यर (62) व रियान पराग (62) के आक्रामक अर्द्धशतकों की मदद से आस्ट्रेलिया ए पर 2 विकेट से जीत दर्ज कर तीन अनाधिकृत वन डे मैचों की सीरीज को 2-1 से अपने नाम कर लिया।
आस्ट्रेलिया ए की ओर से रखे गए 317 रनों के बड़े लक्ष्य को इंडिया ए ने आसानी के साथ 8 विकेट खोकर हासिल कर लिया। भारत ने जब यह मुकाबला जीता उस समय 4 ओवर का खेल बाकी था। इस सीरीज के 3 वन डे मैचों में 187 रन बनाने वाले रियान पराग को मैन ऑफ द सीरीज और प्रभसिमरन सिंह को सीरीज के निर्णायक मुकाबले में शानदार शतक जड़ने के लिए प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। भारत ने पहला मैच 171 रनों से जीता था। लेकिन ऑस्ट्रेलियाई टीम ने बारिश से बाधित दूसरा वनडे डकवर्थ लुईस नियम से 9 विकेट से जीत तीन मैचों की इस सीरीज को 1-1 की बराबरी कर रोमांचक बना दिया था।
इससे पहले टॉस जीतने वाली आस्ट्रेलिया ए टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 49.1 ओवर में 316 रन बनाकर आउट हो गई। इसके जवाब में इंडिया ए ने इस मुकाबले को 46 ओवर 8 विकेट खोकर जीत लिया। विप्रज निगम ने छक्का मारकर टीम को जीत दिलाई। टीम इंडिया ने समझबूझ के साथ बड़े लक्ष्य का पीछा करना शुरू किया था। सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा और प्रभसिमरन सिंह ने 83 रन जोड़कर मजबूत नीव रखी। अभिषेक शर्मा एक बार फिर बड़ा स्कोर नहीं बना सके। वह सिर्फ 22 रन बनाकर आउट हुए। अभिषेक के आउट होने के बाद अभी बोर्ड पर 6 रनों का ही और इजाफा हुआ था तभी दूसरे मैच में 94 रन बनाने वाले तिलक वर्मा (3) भी आउट हो गए। उनके आउट होते ही स्टेडियम में सन्नाटा पसर गया।
हालांकि प्रभसिमरन ने कप्तान श्रेयस अय्यर के साथ तीसरे विकेट पर 56 रन जोड़कर स्थिति को संभाल लिया। लेकिन 145 के स्कोर पर प्रभसिमरन के रूप में तीसरा विकेट गिरा तो इंडिया ए की स्थिति डावांडोल होने लगी। प्रभसिमरन ने सिर्फ 68 गेंदों पर 7 छक्कों और 8 चौकों की मदद से 102 रन बनाए। श्रेयस अय्यर और इन फॉर्म बल्लेबाज रियान पराग ने चौथे विकेट लिए 117 रनों की साझेदारी कर टीम को जीत के राह पकड़ा दी। 262 रनों के कुल योग पर श्रेयस अय्यर भी साथ छोड़ गए। अय्यर ने अपने 62 रन 58 गेंदों पर एक छक्के व 7 चौकों के साथ बनाए।
275 पर रियान पराग भी 55 गेंदों में 3 छक्कों और 5 चौकों की मदद से 62 रन बनाकर पांचवें विकेट के रूप में पवेलियन लौट गए। नए बल्लेबाज निशांत सिंधु (2) भी 285 पर निकल लिए तो भारत की हालत फिर लड़खड़ाती नजर आई। लेकिन आयुष बदोनी (21) और विप्रज निगम (नाबाद 24) ने संक्षिप्त पर उपयोगी पारियां खेलकर टीम इंडिया को फिर जीत की राह पर ला दिया। आस्ट्रेलिया ए के लिए स्पिनर तनवीर सांघा और टॉड मर्फी ने इंडिया ए की पारी में गिरे 8 में से 4-4 विकेट आपस में बांटे।
इससे पहले ऑस्ट्रेलिया ए की शुरुआत काफी खराब रही। उसका पहला विकेट जैक फै्रजर मैक्गर्क (7) के रूप में 7 रनों पर, दूसरा मैकेंजी हार्वे (5) का 22 और तीसरा हैरी डिक्सन (1) का 24 रनों पर गिर गया। हालांकि कूपर कॉन्ली (64) एक छोर संभाले रहे, जबकि दूसरे छोर से लगातार विकेट गिर रहे थे। सलामी जोड़ी को अर्शदीप सिंह ने जबकि डिक्सन को हर्षित राणा ने आउट किया। 44 रनों के कुल योग पर राणा ने आस्ट्रेलिया को हियर्ने (16) के रूप में चौथा झटका दिया। इसके बाद लेक्लन शॉ और कूपर कॉन्ले ने विकेटों के पतझड़ को रोका और पांचवें विकेट लिए 71 रनों की साझेदारी की। 115 रनों पर शॉ (32) को निशांत सिंधु ने चलता किया। इसके बाद कूपर कॉन्ले भी आयुष बदोनी का शिकार बन गए।
आस्ट्रेलिया का स्कोर अब 6 विकेट पर 135 रन था। लग रहा था कि मेहमान टीम की पारी 200 रनों का आंकड़ा भी नहीं पार कर सकेगी। लेकिन इसके बाद भारतीय गेंदबाज कुछ सुस्त पड़ गए जिसका फायदा उठाते हुए लियन स्कॉट (73) और जैक एडवर्ड्स (89) ने सातवें विकेट के लिए 152 रनों की साझेदारी कर भारत के लिए मुश्किलें खड़ी कर दीं। अंतत: आस्ट्रेलिया ए की पारी जब 316 रनों पर सिमटी तब 5 गेंदें बाकी थीं। भारत के लिए अर्शदीप सिंह और हर्षित राणा ने तीन-तीन, आयुष बदोनी ने 2, जबकि निशांत सिंधु, गुरजपनीत सिंह ने 1-1 विकेट लिया।
ग्रीनपार्क में बड़ी संख्या में पहुंचे दर्शक
यह टूर्नामेंट डायरेक्टर डॉ. संजय कपूर के नेतृत्व में यूपीसीए की टीम की कड़ी मेहनत का ही नतीजा था कि खराब मौसम में खेली गई सीरीज के तीनों मैचों के लिए बड़ी संख्या में दर्शक जुटे। पहले मैच में बारिश ने एक भी गेंद का खेल नहीं होने दिया, जबकि इसको जब अगले दिन दुबारा करवाया गया तो दर्शकों के लिए इंट्री नहीं थी। दूसरे वन डे में भी काफी दर्शक आए लेकिन तीसरे वन डे में कनपुरिया दर्शकों ने 15 से 20 हजार की बड़ी संख्या में जुटकर बता दिया कि क्यों उन्हें क्रिकेट लवर्स कहा जाता है। मैच का उद्घाटन पुलिस कमिश्नर अखिल कुमार ने किया।










